Lovlina Borgohain

भारत की स्टार मुक्केबाज लवलीना बोरगोहेन को महिला वेल्टरवेट वर्ग (69 किग्रा) के सेमीफाइनल में कांस्य पदक जीता है.असम की रहने वाली लवलीना के कांस्य पदक जीतने के बाद उनके गोलाघाट जिले के बरपाथर शहर में जश्न मनाया जा रहा है. ओलिंपिक में पदार्पण कर रही विश्व चैंपियनशिप की दो बार की कांस्य पदक विजेता लवलीना के खिलाफ बुसेनाज ने शुरुआत से ही दबदबा बनाया और सर्वसम्मति से 5-0 से जीत दर्ज करने में सफल रही.

टोक्यो खेलों में यह भारत का तीसरा पदक है। इससे पहले भारोत्तोलन में मीराबाई चानू ने रजत जबकि बैडमिंटन में पीवी सिंधू ने कांस्य पदक जीता.लवलीना का पदक पिछले नौ वर्षों में भारत का ओलिंपिक मुक्केबाजी में पहला पदक है. लवलीना ओलिंपिक मुक्केबाजी प्रतियोगिता फाइनल में जगह बनाने वाली पहली भारतीय मुक्केबाज बनने के लिए चुनौती पेश कर रही थीं, लेकिन विश्व चैंपियन बुसेनाज ने उनका सपना तोड़ दिया.

लवलीना ने कहा, ”तैयारी में तो परेशानी का सामना करना पड़ा. कोविड का टाइम चल रहा है बहुत ज्यादा दिक्कत सामने थी. लेकिन मेरा मकसद ओलंपिक में मेडल जीतने का था. इसी मकसद के साथ ट्रेनिंग की थी. ओलंपिक महत्वपूर्ण था और हमने उसके लिए पूरी तैयारी की थी. पुणे और इटली में हमने अच्छी तैयारी की.”

लवलीना भारत की ओर से ओलंपिक खेलों के इतिहास में मेडल जीतने वाली तीसरी खिलाड़ी हैं. 69 किलोग्राम कैटेगरी में हालांकि लवलीना ने भारत के लिए पहला मेडल हासिल किया है. असम की रहने वाली लवलीना ने कोरोना वायरस को मात देते हुए ओलंपिक का सफर तय किया और भारत की झोली में टोक्यो ओलंपिक का तीसरा मेडल डाल दिया.

By Newzzar

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